सरस्वती पूजन दिवस 2021 के पावन अवसर पर फाउन्डेशन की स्थापना
🙏🏻सरस्वती पूजन दिवस के पावन अवसर पर फाउन्डेशन की स्थापना🙏🏻
फाउन्डेशन का उद्देश्य संस्कृत एवं फारसी भाषाओं का प्रचार प्रसार,हिन्दू मुस्लिम एकता की भावना विकसित करना,
हिन्दू – मुस्लिम संस्कृति एवं कला का प्रचार प्रसार |
संस्कृत एवं फारसी साहित्य को प्रोत्साहन एवं संवर्धन।
संस्कृत साहित्य के शास्त्र लोगों तक पहुँचाना ताकि हिन्दी साहित्य में जो दिशाहीनता आ गई है उसे दूर करना।
इसी प्रकार लोगों तक फारसी साहित्य पहुँचाना और उर्दू भाषा का मार्गदर्शन करना।
संस्था के आदर्श के रूप में हिन्दुओं की ओर से सप्तर्षि- 1-कश्यप,2-अत्रि 3-वशिष्ठ 4-विश्वामित्र 5-गौतम 6-जमदग्नि 7-भारद्वाज होंगे ।
मुस्लिम की ओर से 1- मौलाना रूमी, 2- अमीर खुसरो ,3- उमर खय्याम ,4-बू अली शाह कलंदर, 5- सरमद शहीद 6- हाफ़िज शीराज़ी 7-शम्स तब्रीज़ी होंगे।
‘ऋषयश्च कलन्दराः’ फाउन्डेशन
फाउन्डेशन की तरफ से दो कोर्स डिजाइन किये गये है।
सात दिन जैसे राम कथा होती है वेसे ही सात दिन “ईशादि नौ उपनिषद कथा” होगी ।
सर्वे वेदा यत्पदमामनन्ति तपांसि सर्वाणि च यद्वदन्ति।
यदिच्छन्तो ब्रह्मचर्यं चरन्ति तत्ते पदं संग्रहेण ब्रवीम्योमित्येतत्।।
- कठोपनिषत् २:१५
सब वेद सब धर्मानुष्ठानरूप तपश्चरण जिसका कथन और मान्य करते हैं और जिसकी प्राप्ति की इच्छा करके ब्रह्मचर्याश्रम करते हैं, उसका नाम ॐ है।
मुस्लिम भाइयों के लिये सात दिन मौलाना रूमी एवं उपर्युक्त छः अन्य सूफी फकीरों के फारसी पदों के माध्यम से रूमी की अपनी शराब पीनें की विधि सिखाई जायेगी।
रूमी के शब्दों में–
अगर चे मस्त् ए कदीमी व नौ शराब ने-ई
शराबे हक न गुजारद कि तू शगब न कुनी
माना कि तुम पुराने मस्तों में से हो और नया शराब पीना नहीं शुरू किया है,
लेकिन हमारी शराब पीने के बाद यह नहीं हो सकेगा कि तुम आर्तनाद न करो।
उपनिषद कथा एवं सूफी कथा के लिये सोशल मीडिया पर सम्पर्क कर सकते हैं।